दुनिया की सबसे बड़ी प्रौद्योगिकी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्रदर्शनी GITEX Global का 45वां संस्करण 13 अक्टूबर 2025 को दुबई में औपचारिक रूप से शुरू हुआ। यह पांच दिवसीय आयोजन दुबई वर्ल्ड ट्रेड सेंटर और दुबई हार्बर में 13 से 17 अक्टूबर तक चल रहा है। इस बार इसमें 6,800 से अधिक प्रदर्शक और 2,000 स्टार्टअप्स 180 से अधिक देशों से भाग ले रहे हैं।
इस वर्ष का GITEX, तकनीकी नवाचार और डिजिटल रूपांतरण के क्षेत्र में एक नया अध्याय खोल रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य UAE को डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन का वैश्विक केंद्र बनाना है।
GITEX: सिर्फ टेक प्रदर्शनी नहीं, बल्कि सहयोग का मंच
GITEX Global न केवल एक टेक शो है बल्कि वैश्विक स्तर पर सहयोग, नवाचार और नीति संवाद का केंद्र भी बन चुका है।
लगभग 70% प्रतिभागी शीर्ष स्तर के अधिकारी, नीति निर्माता और उद्योग विशेषज्ञ हैं, जो इसे रणनीतिक सहयोग का मंच बनाते हैं।
कार्यक्रम के प्रमुख विषय हैं —
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जलवायु लचीलापन (Climate Resilience)
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साइबर सुरक्षा (Cybersecurity)
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शहरी गतिशीलता (Urban Mobility)
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स्वास्थ्य नवाचार (Healthcare Innovation)
ये विषय तकनीकी नवाचार को सामाजिक और आर्थिक विकास से जोड़ते हैं, जिससे यह आयोजन केवल टेक्नोलॉजी प्रदर्शन तक सीमित नहीं रहता बल्कि नीति निर्माण और निवेश के अवसर भी प्रदान करता है।
केंद्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI)
इस साल GITEX में सबसे ज्यादा ध्यान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर केंद्रित है। आयोजक इसे “AI-Driven Future” कह रहे हैं, जहाँ तकनीक, नैतिकता और मानव विकास को एक साथ जोड़ा जा रहा है।
मुख्य सत्रों और कार्यशालाओं में AI गवर्नेंस, डेटा संप्रभुता, नैतिक AI और AI-आधारित उद्योग समाधान पर गहन चर्चा हो रही है।
कई अंतरराष्ट्रीय कंपनियाँ और टेक लीडर्स इसमें अपने नए AI मॉडल, रोबोटिक्स समाधान और स्मार्ट टेक्नोलॉजी प्रस्तुत कर रहे हैं।
इस साल GITEX में OpenAI, Microsoft, Cerebras Systems और e& Group जैसी अग्रणी कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल हैं, जो AI-संचालित समाज की अगली दिशा पर विचार साझा कर रहे हैं।
भारत की अब तक की सबसे बड़ी भागीदारी
इस वर्ष भारत की अब तक की सबसे बड़ी भागीदारी दर्ज की गई है।
कुल 237 भारतीय प्रदर्शक GITEX में शामिल हैं, जो क्लाउड कंप्यूटिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा, डेटा एनालिटिक्स और उभरती तकनीकों के क्षेत्र में अपने नवाचार प्रदर्शित कर रहे हैं।
भारतीय प्रतिनिधिमंडल में शामिल हैं —
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ESC (Electronics and Computer Software Export Promotion Council) — 100 भारतीय टेक कंपनियों का समूह
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केरल IT पार्क — 30 कंपनियों का प्रतिनिधित्व
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TEPC (Telecom Equipment Promotion Council) — 16 प्रमुख टेलीकॉम कंपनियाँ
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NASSCOM — 15 अग्रणी सॉफ्टवेयर और सेवा कंपनियाँ
इसके अलावा, 76 भारतीय कंपनियाँ स्वतंत्र रूप से अपनी तकनीकी परियोजनाएँ प्रदर्शित कर रही हैं।
भारत की यह सक्रिय भागीदारी उसके तेजी से बढ़ते तकनीकी निर्यात, डिजिटल आत्मनिर्भरता और UAE के साथ गहराते तकनीकी साझेदारी को दर्शाती है।
क्वांटम, बायोटेक और नई पीढ़ी की तकनीकें
इस बार GITEX Global में केवल AI ही नहीं, बल्कि क्वांटम कंप्यूटिंग, बायोटेक्नोलॉजी और सस्टेनेबल टेक्नोलॉजी जैसे उभरते क्षेत्रों पर भी विशेष ध्यान दिया गया है।
क्वांटम टेक्नोलॉजी प्रदर्शनी में कई स्टार्टअप्स और शोध संस्थान शामिल हैं जो अगली पीढ़ी की कंप्यूटिंग और डेटा सुरक्षा समाधान पेश कर रहे हैं।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बायोटेक्नोलॉजी और हेल्थटेक पर ध्यान केंद्रित किया गया है — जहाँ AI-सहायक डायग्नोस्टिक्स, डिजिटल हेल्थ रिकॉर्ड्स और स्मार्ट डिवाइस जैसी नवाचार तकनीकों को प्रदर्शित किया जा रहा है।
साथ ही, Web 3.0, 5G, सेमीकंडक्टर नवाचार, क्लाउड कंप्यूटिंग और इंटेलिजेंट कनेक्टिविटी से जुड़ी चर्चाएँ भी इस बार की खासियत हैं।
यह सब मिलकर GITEX को एक ऐसा मंच बनाते हैं जहाँ तकनीक के माध्यम से सस्टेनेबल और समावेशी विकास की दिशा तय की जाती है।
स्थिर तथ्य एक नजर में
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| आयोजन का नाम | 45वां GITEX Global |
| तिथियाँ | 13 – 17 अक्टूबर 2025 |
| स्थान | दुबई वर्ल्ड ट्रेड सेंटर और दुबई हार्बर |
| प्रदर्शक | 6,800+ |
| स्टार्टअप्स | 2,000+ (180 से अधिक देशों से) |
| भारत की भागीदारी | 237 प्रदर्शक |
| मुख्य विषय | AI, क्वांटम टेक, बायोटेक, सस्टेनेबल टेक्नोलॉजी |
| आयोजन की प्रकृति | अंतरराष्ट्रीय प्रौद्योगिकी और सहयोग मंच |

