प्रमुख वैश्विक सूचकांक 2025 में भारत की रैंकिंग
प्रमुख वैश्विक सूचकांक 2025 में भारत की रैंकिंग

प्रमुख वैश्विक सूचकांक 2025 में भारत की रैंकिंग

किसी देश की विकास और प्रगति का स्तर अक्सर उन वैश्विक सूचकांकों और रिपोर्टों में दिखाई देता है, जिन्हें अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय संगठनों द्वारा प्रकाशित किया जाता है। ये सूचकांक शासन, स्वास्थ्य, शिक्षा, अर्थव्यवस्था, पर्यावरण और सामाजिक समानता जैसे क्षेत्रों में देशों के प्रदर्शन का मूल्यांकन करते हैं।

भारत, जो दुनिया की सबसे तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं में से एक है, ने हाल के वर्षों में कई क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धियाँ हासिल की हैं। फिर भी, 2025 के प्रमुख वैश्विक सूचकांकों में उसकी स्थिति यह बताती है कि जहाँ नवाचार, जलवायु नीति और सैन्य क्षमता में भारत ने मज़बूती दिखाई है, वहीं सामाजिक विकास, लैंगिक समानता और प्रेस स्वतंत्रता के मोर्चे पर अभी भी लंबा रास्ता तय करना बाकी है।


 भारत की प्रमुख वैश्विक रैंकिंग 2025 में

सूचकांक प्रकाशित करने वाला संगठन भारत की रैंक (2025) मुख्य बिंदु / मानदंड
जलवायु परिवर्तन प्रदर्शन सूचकांक 2025 Germanwatch, New Climate Institute, Climate Action Network 10वां ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन, नवीकरणीय ऊर्जा और जलवायु नीति पर आधारित प्रदर्शन।
QS वर्ल्ड फ्यूचर स्किल्स इंडेक्स 2025 QS (Quacquarelli Symonds) 25वां भविष्य की कार्य-कुशलता और शैक्षणिक तैयारी का मूल्यांकन।
हेनली पासपोर्ट इंडेक्स 2025 International Air Transport Authority 85वां भारतीय पासपोर्ट धारकों के लिए वीज़ा-मुक्त देशों की संख्या पर आधारित।
ग्लोबल फायरपावर इंडेक्स 2025 Global Firepower 4था पारंपरिक सैन्य शक्ति का तुलनात्मक आकलन।
ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स 2024 WIPO 39वां / 133 अर्थव्यवस्थाएँ नवाचार-आधारित विकास क्षमता का मूल्यांकन।
ग्लोबल हंगर इंडेक्स 2024 Concern Worldwide & Welthungerhilfe 105वां / 127 देश कुपोषण, ठिगनापन और मृत्यु दर के आधार पर भूख का आकलन।
वर्ल्ड कॉम्पिटिटिवनेस इंडेक्स 2024 IMD 39वां प्रतिस्पर्धात्मकता और आर्थिक प्रदर्शन पर आधारित।
ग्लोबल पीस इंडेक्स 2024 IEP 116वां / 163 देश शांति, सुरक्षा और सैन्यीकरण के आधार पर मूल्यांकन।
वर्ल्ड प्रेस फ्रीडम इंडेक्स 2024 Reporters Without Borders 162वां प्रेस की स्वतंत्रता और पत्रकार सुरक्षा की स्थिति।
मानव विकास सूचकांक 2023–24 UNDP 134वां / 193 देश जीवन प्रत्याशा, शिक्षा और आय के आधार पर आकलन।
लैंगिक असमानता सूचकांक 2022 UNDP 108वां / 193 देश स्वास्थ्य, सशक्तिकरण और श्रम भागीदारी में अंतर का मापन।
वर्ल्ड हैप्पीनेस रिपोर्ट 2024 UNSDSN 126वां नागरिकों की खुशी और सामाजिक कल्याण की धारणा पर आधारित।
भ्रष्टाचार धारणा सूचकांक 2023 Transparency International 93वां / 180 देश सार्वजनिक क्षेत्र में भ्रष्टाचार की धारणा पर आधारित।
विधि का शासन सूचकांक 2024 World Justice Project 79वां न्याय, पारदर्शिता और जवाबदेही का आकलन।
ग्लोबल सॉफ्ट पावर इंडेक्स 2024 Brand Finance 29वां वैश्विक प्रभाव, संस्कृति और प्रतिष्ठा की धारणा पर आधारित।

🔸 भारत के प्रदर्शन का विश्लेषण

🌱 श्रेष्ठ प्रदर्शन वाले क्षेत्र

भारत ने जलवायु नीति, नवाचार और सैन्य क्षमता जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है।

  • जलवायु परिवर्तन प्रदर्शन सूचकांक में शीर्ष 10 में स्थान भारत की बढ़ती नवीकरणीय ऊर्जा हिस्सेदारी और अंतरराष्ट्रीय प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

  • ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स में लगातार सुधार भारत की टेक्नोलॉजी-ड्रिवन ग्रोथ की दिशा में बढ़ते कदमों का प्रमाण है।

  • ग्लोबल फायरपावर इंडेक्स में चौथे स्थान पर रहना भारत की पारंपरिक सैन्य शक्ति और सामरिक क्षमता को उजागर करता है।

  • विश्व बैंक की रिपोर्ट के अनुसार, भारत ने 129 अरब डॉलर के प्रवासी प्रेषण (Remittances) प्राप्त किए — जो विश्व में सर्वाधिक हैं। यह वैश्विक स्तर पर भारतीय श्रमिकों और पेशेवरों की आर्थिक भूमिका को दर्शाता है।

सुधार की आवश्यकता वाले क्षेत्र

इसके विपरीत, कुछ सामाजिक और संस्थागत क्षेत्रों में भारत की स्थिति चिंता का विषय बनी हुई है।

  • प्रेस स्वतंत्रता में भारत का 162वाँ स्थान लोकतांत्रिक संस्थानों की पारदर्शिता को लेकर सवाल उठाता है।

  • भूख और पोषण की स्थिति में सुधार की गति धीमी है — भारत अब भी 105वें स्थान पर है, जो ग्रामीण गरीबी और बाल कुपोषण की जटिलता को उजागर करता है।

  • लैंगिक असमानता में 108वीं रैंक यह दर्शाती है कि महिलाओं की श्रम भागीदारी और राजनीतिक प्रतिनिधित्व में सुधार की ज़रूरत है।

  • खुशी और मानव विकास सूचकांकों में निम्न रैंक यह बताती है कि आर्थिक विकास के बावजूद जीवन की गुणवत्ता, सामाजिक सुरक्षा और मानसिक कल्याण अभी भी चुनौतियाँ बने हुए हैं।

⚙️ आर्थिक एवं प्रतिस्पर्धात्मक प्रदर्शन

भारत की GDP वृद्धि दर IMF के अनुसार 2024 और 2025 दोनों वर्षों में 6.5% अनुमानित है — जो वैश्विक औसत से कहीं अधिक है।
IMD के वर्ल्ड कॉम्पिटिटिवनेस इंडेक्स में 39वां स्थान बताता है कि भारत व्यापारिक माहौल और आर्थिक नीति के स्तर पर स्थिरता बनाए हुए है।
हालाँकि, लॉजिस्टिक्स परफॉर्मेंस इंडेक्स में 38वाँ स्थान यह इंगित करता है कि इन्फ्रास्ट्रक्चर और आपूर्ति शृंखला दक्षता में सुधार की गुंजाइश बनी हुई है।

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