एयर न्यूजीलैंड ने निखिल रविशंकर को बनाया नया CEO:
एयर न्यूजीलैंड ने निखिल रविशंकर को बनाया नया CEO:

एयर न्यूजीलैंड ने निखिल रविशंकर को बनाया नया CEO

एयरलाइन इंडस्ट्री में एक बड़ी और ऐतिहासिक घोषणा करते हुए एयर न्यूज़ीलैंड ने भारतीय मूल के कार्यकारी निखिल रविशंकर को अपना अगला मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है। वे 20 अक्टूबर 2025 को औपचारिक रूप से पदभार ग्रहण करेंगे और मौजूदा सीईओ ग्रेग फोरन का स्थान लेंगे, जिन्होंने इस वर्ष की शुरुआत में पद छोड़ने का निर्णय लिया था।

यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब वैश्विक विमानन उद्योग जलवायु परिवर्तन, आर्थिक दबाव, तकनीकी नवाचार और ग्राहक अपेक्षाओं में तेजी से हो रहे बदलावों के युग से गुजर रहा है। ऐसे में निखिल की डिजिटल सोच, रणनीतिक नेतृत्व और वैश्विक दृष्टिकोण कंपनी के भविष्य को आकार देने के लिए निर्णायक साबित हो सकते हैं।


तकनीक से शीर्ष नेतृत्व तक: निखिल रविशंकर की यात्रा

निखिल रविशंकर इस समय एयर न्यूज़ीलैंड में मुख्य डिजिटल अधिकारी (CDO) के पद पर कार्यरत हैं और लगभग 5 वर्षों से इस एयरलाइन का हिस्सा रहे हैं। इस दौरान उन्होंने:

  • एयरलाइन की डिजिटल संरचना के आधुनिकीकरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

  • ग्राहक अनुभव को बेहतर बनाने और लॉयल्टी प्रोग्राम को नया आकार देने में नेतृत्व किया।

  • तकनीक और नवाचार को एयरलाइन की सांस्कृतिक पहचान का हिस्सा बनाया।

ऑकलैंड विश्वविद्यालय से कंप्यूटर साइंस में स्नातक और कॉमर्स में ऑनर्स डिग्री प्राप्त कर चुके निखिल न्यूजीलैंड के डिजिटल इकोसिस्टम के एक सशक्त नेता के रूप में पहचान रखते हैं। वे मेन्टर, सलाहकार और सामुदायिक नेतृत्व से भी सक्रिय रूप से जुड़े हुए हैं।


बोर्ड की अध्यक्ष डेम थेरेसे वॉल्श का बयान

एयर न्यूज़ीलैंड की बोर्ड अध्यक्ष डेम थेरेसे वॉल्श ने निखिल की नियुक्ति को “गति और नवाचार का एक निर्णायक क्षण” बताया। उनके अनुसार:

“निखिल वह सोच और आधुनिक नेतृत्व लेकर आ रहे हैं जिसकी हमें अपने मजबूत आधार पर आगे बढ़ने और भविष्य पर ध्यान केंद्रित करने के लिए आवश्यकता है। वह पारंपरिक तरीकों को चुनौती देने और कठिन प्रश्न पूछने से नहीं हिचकते।”

डेम वॉल्श ने यह भी जोड़ा कि वर्तमान समय में विमानन कंपनियां भू-राजनीतिक जोखिम, कार्बन उत्सर्जन और ग्राहकों की तकनीकी अपेक्षाओं जैसी बहुस्तरीय चुनौतियों से जूझ रही हैं, और निखिल रविशंकर इनसे निपटने के लिए उपयुक्त विकल्प हैं।


एक वैश्विक प्रोफाइल और नेतृत्व का अनुभव

निखिल का करियर ग्लोबल रणनीति और तकनीकी परिवर्तन के इर्द-गिर्द रहा है:

  • वेक्टर न्यूज़ीलैंड में मुख्य डिजिटल अधिकारी के रूप में कार्य किया, जहाँ उन्होंने डिजिटल रूपांतरण का सफल नेतृत्व किया।

  • एक्सेंचर में हांगकांग, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में वरिष्ठ भूमिकाएं निभाईं।

  • टेलीकॉम न्यूजीलैंड (अब स्पार्क) में तकनीकी रणनीति और नवाचार से जुड़ी ज़िम्मेदारियाँ निभाईं।

इसके अतिरिक्त वे कई संस्थानों और संगठनों से भी जुड़े हुए हैं:

  • न्यूजीलैंड एशियन लीडर्स बोर्ड के सदस्य।

  • यूनिवर्सिटी ऑफ ऑकलैंड के रणनीतिक सीआईओ कार्यक्रम में मेंटर।

  • ऑकलैंड ब्लूज़ फाउंडेशन की सलाहकार समिति में भागीदारी।

  • AUT (Auckland University of Technology) के इन्फ्लुएंसर नेटवर्क के सदस्य।


भविष्य की दिशा: एक नया युग

निखिल रविशंकर की नियुक्ति एयर न्यूज़ीलैंड की उस दृष्टि को दर्शाती है जिसमें डिजिटल-फर्स्ट इनोवेशन, सस्टेनेबिलिटी, और मानव-केंद्रित नेतृत्व प्रमुख हैं। कंपनी के लिए भविष्य की प्राथमिकताएं होंगी:

  • कार्बन न्यूट्रल लक्ष्य की दिशा में प्रगति।

  • टेक्नोलॉजी ड्रिवन यात्रियों का अनुभव प्रदान करना।

  • ऑपरेशनल लचीलापन और प्रतिस्पर्धात्मक बढ़त को मजबूत करना।

  • वैश्विक सहयोग और निवेश को आकर्षित करना।

एयरलाइन सेक्टर जहां महामारी के बाद रिकवरी, सप्लाई चेन चुनौती, और फ्यूल लागत जैसे दबावों का सामना कर रहा है, वहीं निखिल की डिजिटल पृष्ठभूमि कंपनी को नए समाधान और स्थायी विकास की ओर ले जाने में सक्षम मानी जा रही है।


निष्कर्ष: भरोसे से भरे नेतृत्व की ओर

निखिल रविशंकर की एयर न्यूज़ीलैंड के CEO के रूप में नियुक्ति सिर्फ एक कॉर्पोरेट परिवर्तन नहीं, बल्कि नवाचार, विविधता और डिजिटल युग में नेतृत्व की भूमिका का प्रतीक है। उनकी यात्रा उस बदलते वैश्विक परिदृश्य को भी दर्शाती है, जिसमें भारतवंशी पेशेवर लगातार अंतरराष्ट्रीय नेतृत्व में अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं।

एयर न्यूज़ीलैंड अब एक ऐसे युग में प्रवेश कर रहा है जहाँ तकनीक, स्थिरता और वैश्विक सोच मिलकर एक नई उड़ान भरने के लिए तैयार हैं — और इस उड़ान के पायलट होंगे निखिल रविशंकर

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